विशेष। भारत जैसे एक लोकतान्त्रिक गणराज्य में मीडिया की वर्तमान स्थिति ऐतिहासिक निम्नतम स्तर पर पहुंच चुकी है। इसमें कोई संदेह नहीं है कि बीते समय की अपेक्षा शिक्षा का प्रसार हुआ है, लेकिन शिक्षा ने लोगों के रहन-सहन का तरीका तो जरूर बदला है, मगर लोगों की मानसिकता को और भी कुत्सित कर दियाContinue reading “कलंक मीडिया”